
प्रयागराज। सृजन संस्था के तत्वावधान में आयोजित स्नेह मिलन सम्मेलन जंघई में आयोजित किया गया। सम्मेलन में सृजन संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामचंद्र पांडेय विगत कई वर्षों से महाराष्ट्र में रहकर अपनी पहचान समाज सेवा वह लोगों की मदद करके बनाई है। कुछ दिनों पहले सृजन संस्था के अध्यक्ष रामचंद्र पांडेय अपने निवास स्थान जंघई पर आए हुए थे। लेकिन उनका विचार था कि क्यों न छोटा-मोटा कार्यक्रम करके हम सब जो मुंबई से अपनी पहचान समाज सेवा या किसी अन्य क्षेत्र में कर रहे हैं और इस समय अपने मूल स्थान पर आए हैं उन्हें एकत्र कर सम्मानित किया जाए। इसी विचार को ध्यान में रखते हुए शनिवार को स्नेह मिलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वनाथ दुबे ने की। इस सम्मेलन में कई विषयों पर चर्चाएं हुई बाद में रामचंद्र पांडेय व उनके सुपुत्र डॉक्टर अरुण पांडेय ने सभी को अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया। इस मौके पर कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विश्वनाथ दुबे ने कहा कि गांव के विकास को प्राथमिकता जरूर दें गांव से जुड़ा होना अत्यंत आवश्यक है और जो भी उत्तर प्रदेश से मुंबई में धनाढ्य व्यक्ति रहते हैं, अपना कारोबार करते हैं वे कम से कम उत्तर प्रदेश के बारे में जरूर सोचें और मातृभूमि और मातृभाषा पर विशेष ध्यान दें। कहा कि भले आप कितने बडे हो जाये लेकिन अपनी मातृभूमि को कभी न भूले और अपने समाज के लिए भी अपनी जिम्मेदारी निभाये। कहा कि समाज का भी ऋण हम सब के ऊपर है जिसे उतारना नितान्त आवश्यक है। जिसे हम समाज सेवा और दूसरों की मदद से ही उतार सकते है आयोजक रामचंद्र पांडेय ने कहा कि जब तक जिंदा रहूंगा तब तक समाज के लिए जीऊगा। समाज का भी भारी ऋण है जिसे समाज सेवा करके चुकाया जा सकता है और उन्होंने समाज सेवा के लिए मैं सदैव तत्पर हूं। इस मौके पर प्रयागराज के अलावा आसपास जिले के कई समाजसेवी, कारोबारी और पत्रकार मौजूद थे। देखने व पढ़ने के लिए बने रहिए पवन पुरवईया न्यूज़ पर सतीश चौहान के साथ